Headlines

कम बिजली खर्च करने वालों को 50% सब्सिडी देगी धामी सरकार, साढ़े 11 लाख उपभोक्ताओं को मिलेगा फायदा

DEHRADUN:  उत्तराखंड के बिजली उपभोक्ताओं को धामी सरकार ने बड़ा तोहफा दिया है। अपने जन्मदिन के अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घोषणा की कि हर महीने 100 यूनिट तक बिजली खर्च करने वाले उपभोक्ताओं को बिल में 50 प्रतिशत छूट दी जाएगी। उच्च हिमालयी क्षेत्रों के लिए यह सीमा 200 यूनिट तक रहेगी। यह सुविधा 1 किलोवाट तक विद्युत भार वाले उपभोक्ताओं को मिलेगी। इस योजना का लाभ लगभग 11 लाख 50 हजार उपभोक्ताओं को मिलेगा।

मुख्य सेवक सदन में आयोजित कार्यक्रम में सीएम धामी ने पिटकुल की ए.डी.बी. वित्त पोषत 5 परियोजनाओं का शिलान्यास किया। इन 05 परियोजनाओं में 220 के.वी जी.आई.एस सब स्टेशन सेलाकुई एवं संबंधित लाईन के निर्माण कार्य, 132 के.वी जी.आई.एस सब स्टेशन आराघर एवं संबंधित लाईन के निर्माण कार्य, 132 के.वी जी.आई.एस सब स्टेशन लोहाघाट एवं संबंधित लाईन के निर्माण कार्य, 132 के.वी जी.आई.एस सब स्टेशन धौलाखेड़ा एवं संबंधित लाईन के निर्माण कार्य तथा 132 के.वी जी.आई.एस सब स्टेशन खटीमा द्वितीय और संबंधित लाईन के निर्माण कार्य शामिल हैं।

ये भी पढ़ें:   28 एवं 29 जुलाई को उत्तराखण्ड के कई जनपदों में ऑरेंज अलर्ट,नागरिकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर यूपीसीएल की परियोजनाओं गढ़वाल और कुमांऊ क्षेत्र में केन्द्र पोषित आर.डी.एस.एस योजना के अन्तर्गत 16 लाख स्मार्ट मीटरों के स्थापना के कार्य एवं एडीबी द्वारा बाह्य सहायतित उत्तराखण्ड क्लाइमेट रेजिलिएन्ट पावर स्टिम डवलपमेंट प्रोजक्ट के अन्तर्गत देहरादून शहर के प्रमुख मार्गों की विद्युत लाईनों को भूमिगत किये जाने वाले कार्यों का शुभारंभ किया। इसमें लगभग 977 करोड़ की धनराशि खर्च होगी। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के अन्तर्गत निर्मित लक्ष्मी आवास योजना शिकारपुर, रूड़की, हरिद्वार के भवनों के 101 लाभार्थियों को कब्जा पत्र और चाबी सौंपी।

ये भी पढ़ें:   धामी सरकार की त्वरित कार्रवाई: नंदा की चौकी में मात्र 12 घंटे के भीतर बहाल हुआ आवागमन

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखण्ड के सतत विकास के लिए राज्य सरकार हर क्षेत्र में तेजी से कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आज विद्युत की जिन परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया है, इनसे राज्य में विद्युत की आपूर्ति और वितरण व्यवस्था में और सुधार होगा। इससे राज्य में उद्योगों को बढ़ावा मिलने के साथ ही रोजगार में भी वृद्धि होगी। इससे राज्य की आर्थिकी को और मजबूत आधार मिलेगा। स्मार्ट मीटरों से ऊर्जा आपूर्ति प्रणाली सुदृढ़ होगी और आम जनता की बिलिंग सबंधी समस्याएं भी दूर होंगी।

ये भी पढ़ें:  

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *